महुआ का वृक्ष बस्तर के वनवासियों के लिए वरदान स्वरुप हे क्योंकि महुआ के वृक्ष से कई प्रकार के औषधीयां प्राप्त करते हैं सराब आदी बनाते हैं फल से तेल निकाला जाता है जिसको खाने और शरीर में लगाने के लिए उपयोग किया जाता है बस्तर में महुआ के वृक्ष को भगवान का स्वरूप माना जाता है और इनकी पूजा की जाती है यह बस्तर के पारंपरिक रीति-रिवाजों के अनुसार ही इसे भगवान का रूप माना जाता है
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